नेता को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने के आदेश, मारपीट मामले में है आरोपी

नेता को हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है.

मेरठ. मेरठ में नौचंदी स्थित बसपा कार्यालय में पिछले साल पूर्व मंडल कोऑर्डिनेटर से मारपीट के आरोपी बसपा के पश्चिम यूपी प्रभारी शमशुद्दीन राइन की गिरफ्तारी को मेरठ पुलिस ने उनके गाजियाबाद स्थित आवास पर दबिश दी। राइन के मकान पर ताला लगा मिला। राइन को 18 अक्तूबर तक गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने का आदेश पुलिस को दिया गया है। मामले में राइन को हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है।
नौचंदी थानाक्षेत्र स्थित फूलबाग कॉलोनी में बसपा कार्यालय पर 26 अप्रैल 2022 को बसपा के पूर्व मंडल कोऑर्डिनेटर एडवोकेट अनिल प्रधान के साथ कुछ लोगों ने मारपीट की थी। उसी दिन शिकायत पुलिस को दी गई थी, जिसके बाद जांच शुरू हुई। नौचंदी थाने में अनिल प्रधान एडवोकेट की तहरीर पर 28 अप्रैल 2022 को बसपा के पश्चिम यूपी प्रभारी शमशुद्दीन राइन, सतपाल पेपला, मोहिज जाटव, दिनेश काजीपुर और विकास रोहटा को नामजद करते हुए 20 अज्ञात पर मारपीट, धमकी देने और एससी-एसटी एक्ट में मुकदमा दर्ज हुआ था। मामले में जांच सीओ कोतवाली अमित राय को मिली है। कोर्ट के नोटिस जारी होने के बाद भी शमशुद्दीन राइन कोर्ट में पेश नहीं हुए। वहीं, दूसरी ओर शमशुद्दीन हाईकोर्ट चले गए और गिरफ्तारी स्टे के लिए प्रयास किया।
हालांकि बात नहीं बनी। अब स्पेशल जज एससीए-एसटी एक्ट मेरठ ने 22 सितंबर 2023 को शमशुद्दीन राइन के गैरजमानती वारंट जारी कर दिए। साथ ही पुलिस को आदेश दिया कि 18 अक्तूबर तक आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करें। शमशुद्दीन राइन की गिरफ्तारी की मांग लेकर वादी अनिल प्रधान एडवोकेट शुक्रवार को एसएसपी रोहित सिंह सजवाण से मिले। अनिल प्रधान ने आरोप लगाया कि उन्हें लगातार समझौता करने के लिए दबाव बनाया जा रहा है और धमकी दी जा रही है। बात नहीं मानने पर अंजाम भुगतने की बात कही जा रही है। अनिल प्रधान ने सुरक्षा भी मांगी है।