
छतरपुर: मध्य प्रदेश के छत्तरपुर जिले में घूस देने के आरोप में शिक्षक को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी शिक्षक निलंबन के बाद बहाली के लिए IAS अफसर को 50 हजार रुपये घूस देने की कोशिश कर रहा था। घटना मंगलवार को छतरपुर की जिला पंचायत सीईओ आईएएस तपस्या परिहार के कार्यालय में हुई।

IAS अधिकारी तपस्या परिहार ने बताया कि जिले के सरकारी कुपी प्राथमिक विद्यालय में तैनात शिक्षक विशाल अस्थाना को पिछले साल चुनाव प्रशिक्षण कार्यक्रमों के दौरान लगातार अनुपस्थित रहने के कारण निलंबित कर दिया गया था। जिसके बाद शिक्षक ने जवाब दाखिल किया था कि वह इस दौरान छुट्टी पर थे। हालांकि, चुनाव अवधि के दौरान किसी को भी छुट्टियां मंजूर करने का अधिकार नहीं था। इस संबंध में शिक्षक के खिलाफ जांच लंबित है।
IAS अफसर ने बताया है कि शिक्षक अपने निलंबन को रद्द करने के अनुरोध के साथ मंगलवार को उनके कार्यालय में आए और 50,000 रुपये की रिश्वत की पेशकश की। जिसके बाद उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचित किया और आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस अधीक्षक अमित सांघी ने कहा कि शिक्षक पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया और बाद में जमानत पर रिहा कर दिया गया। उन्होंने बताया कि आरोपी से बुधवार को पूछताछ की जाएगी।
गौरतलब हो, IAS तपस्या परिहार MP की तेज तर्रार अधिकारियों में से एक हैं। 2021 में अपनी शादी में पिता को कन्यादान न करने देने पर वो सुर्ख़ियों में आई थीं। उन्होंने कन्यादान की रस्म से इनकार करते हुए कहा था कि मैं कोई दान की चीज नहीं। तपस्या मध्य प्रदेश के कई जिलों में विभिन्न पदों पर कार्य कर चुकी हैं। छतरपुर में वो बतौर CEO जिला पंचायत पद तैनात हैं।